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BSEB 11th Hindi दिगंत-भाग1 पूस की रात प्रश्नोत्तर

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पूस की रात पाठ्य पुस्तक के प्रश्न एवं उनके उत्तर 1. हल्कू कंबल के पैसे सहना को देने के लिए क्यों तैयार हो जाता है? उत्तर- हल्कू कथासम्राट प्रेमचंद विरचित ‘पूस की रात’ शीर्षक कहानी का सर्वप्रमुख पात्र है। वह एक अत्यंत निर्धन किसान है। उसने किसी तरह काट-कपट कर कंबल के लिए तीन रुपये जमा कर रखे हैं। किंतु, जब उसके पास महाजन सहना रुपये लेने के लिए आता है तो वह न चाहते हुए भी उस जमा पूँजी को परिस्थितिवश दे देने को तैयार हो जाता है। क्योंकि, वह . भली-भाँति जानता है कि सहना बिना रुपये लिये नहीं मानेगा, तो फिर वह व्यर्थ क्यों हुज्जत करे-कराये। यही सब सोचकर हल्कू सहना को रुपये देने के लिए राजी हो जाता है। 2.मुन्नी की नजर में खेती और मजूरी में क्या अंतर है? वह हल्कू से खेती छोड़ देने के लिए क्यों कहती है? उत्तर- मुन्नी कथानायक हल्कू की पत्नी है। उसकी नजर में खेती और मजूरी में बड़ा अंतर है। वह जानती है कि खेत का मालिक अपने खेत में जो कृषि-कार्य करता है, वह खेती है, जबकि बिना खेत-बधार का आदमी जहाँ-तहाँ काम करता है, वह मजूरी है। मुन्नी को लगता है कि जब खेती अपनी है, तभी तो लगान अथवा ...

BSEB Class11th Hindi दिगंत भाग-1 पाठ-1 पूस की रात कहानी का सारांश

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पूस की रात कहानी का सारांश कलम के सिपाही मुंशी प्रेमचंद्र द्वारा लिखा गया कहानी ‘पूस की रात’ एक ग्रामीण किसान के जीवन से संबंधित है। इस कहानी के मदद से हमें यह पता चलता है कि एक हल्कू नाम का व्यक्ति जिसके पास अपना जीवन यापन करने के लिए थोड़ी सी खेत है जिससे उनका अपना पालन पोषण चल जाता है लेकिन खेत से जो भी आमदनी होती हैं वह उसमें से कुछ रुपया तो कर्ज चुकाने में ही चला जाता है। सर्दियों में उसने मजदूरी कर तीन रुपए इकट्ठा किया था लेकिन वह तीन रुपए हल्कू ने अपने महाजन को दे दिया। इस बात को हल्‍कू की पत्नी बहुत ज्यादा विरोध करती है क्योंकि उसका मानना है कि हमें जो इतना दिनों से तीन रुपए इकट्ठा किया और इस पूस के महीने में जाड़े यानी ठंड से बचने के लिए कंबल खरीदने के लिए रखे थे। हल्‍कू की पत्‍नी मुन्‍नी के मना करने पर हल्‍कू कहता है कि अगर मैं महाजन का पैसा नहीं लौटाया, तो वह मुझे गाली देगा। महाजन को देखकर हल्कू की पत्नी मुन्नी लाचार हो जाती है और तीन रुपए उसे मजबूरन देना पड़ता है। जब हल्‍कू अपना पैसा महाजन को देने जा रहा था, तो ऐसा लग रहा था कि वह अपना कलेजा काढ़ कर देने जा रहो ...